नोटबंदी के दौरान छोटे रकम वाले बचत खाते से एकाएक अधिक लेनदेन की मामला तो बढ़ चढ़ कर सामने आयी थी, लेकिन आयकर विभाग ने एक से तीन करोड़ जैसी बड़ी राशि की लेनदेन वाले खातों की जाँच शुरू कर दी हैं। मुजफ्फरपुर क्षेत्र के कुल 16 आयकर अधिकारी जाँच करेंगे, एक अधिकारी कुल 30 फाइल का जाँच करेंगे। जांच में पता चला है कि मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, पूर्वी व पश्चिम चंपारण, सीतामढ़ी, गोपालगंज, सारण, दरभंगा, मधुबनी जिले में नोटबंदी के दौरान 480 बचत खातों से अचानक एक से तीन करोड़ रुपये एक्सचेंज हुए हैं। आयकर विभाग के अधिकारी उन्हें नोटिस दे कर जाँच प्रक्रिया शुरू करेँगे। वो उनका ब्यौरा प्राप्त कर उन पर जाँच करेंगे। यह जानकारी शुक्रवार को मुजफ्फरपुर के प्रधान आयकर आयुक्त डीसी बेनुपानी ने पत्रकारों को दी। उन्होंने कहा कि नोटबंदी के दौरान कम राशि वाले बचत खाते से इतनी मोटी रकम एक्सचेंज कैसे हुई। खाताधारियों को नियमानुसार यह बताना होगा कि वह लाखपति और हजारपति से दो माह में करोड़पति कैसे हो गए। प्रधान आयकर आयुक्त ने कहा कि खर्चा व आय की जानकारी के साथ उचित कागजातों को भी जमा करना होगा। सीधे लिख देने से काम नहीं चलेगा। साथ ही सभी समय पर सही टैक्स जमा करें। अब सबकुछ ऑनलाइन हो गया है। इसलिए विभाग को आसानी से पता चल जाता है कि करदाता कहां, कब और कैसे खर्च व आय किए हैं। Post navigationसिद्धू ने फिर की टिप्पणी; निशाने पर PM मोदी उदय जाखड़: ‘आप’ ने 6 कड़ोड़ में मेरे पिता को दी टिकट…