महादलित का वोट सभी को प्यारा लेकिन विकास नदारथ।

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वैशाली। राजापाकर प्रखंड क्षेत्र के नारायणपुर बुजुर्ग पंचायत के वार्ड संख्या (01) मे लगभग एक सौ महादलित की संख्या है।लेकिन उस महादलित का विकास नदारथ है।उप पंचायत मे कितने मुखिया आये और गये।लेकिन उस दलित बस्ती मे एक भी शौचालय आज तक कोई भी प्रतिनिधि नही बनबाएं।और न आवास दिये,महादलित के लोगो का आरोप है कि हमलोग रोड पार कर बगीचे मे शौच करने के लिए जाना पड़ता है।दो चार साल पहले हमारे दलित बस्ती के लोग शौच जाने के दौरान एक दलित व्यक्ति का रोड एक्सीडेंट मे दर्दनाक मौत हो गया था।फिर हमलोगो को अभी तक सरकार के द्बारा शौचालय नही बना।हमारे दलित बस्ती मे वर्तमान विधायक, मुखिया कोई भी प्रतिनिधि नही आते है।जब वर्षा का मौशम आता है तब हमलोगो के घर के चारो तरफ पानी लग जाता है।काफी मुसीबत का सामना करना पड़ता है।नारायणपुर बुजुर्ग पंचायत के मुखिया बेबी देवी दलितो के साथ भेद भाव करती रहती है।हमलोगो के मुसीवत मे कोई भी मुखिया हो या विधायक आज तक हमलोगो का कोई विकास का काम नही करते है।मिट्टी का भी भराई नही होता है।मेरा सवाल है दलितो के नेता जीतन राम माझी से वे दलितो के नेता के नाम वोट मांगते है।कहते है कि मै महादलित का जाति का नेता हूं।आखिरकार क्यो नही महादलित का विकाश करते है।सिर्फ कहने के लिए नेता है।हमे दलित के नाते मंत्री पद मिलना चाहिए।मै जीतनराम माझी से पुछना चाहता हूं,कि आप आकर अपने स्वजातीय का स्थिति से अवगत होगे तब पता चलेगा कि हमारे महादलित भाईलोग केसे जीवन बसर कर रहे है।आज तक बीरना गांव के दलित बस्ती मे शौचालय नही दिया गया हे।वहाँ की सभी महिलाओं एवं पुरूष दूसरे के खेत मे शौच करने जाते है।मै जीतन राम माझी जो कहते है सीना तानकर कि मै माझी का नेता हूं।कहने मे उन्हें शर्म आना चाहिए।मेरा जीतन राम माझी से सवाल है कि आप तो एयर कंडीशन मे रहते है।सरकार के तरफ विधायक का बंगला मिला हूआ है।बा़डी गार्ड मिला हूआ है।विधायक फंड से सभी सुविधा का लाभ ले रहे है।भला वह दलित परिवार को तो कोई सुविधा नही मिला है।सभी राजनैतिक पार्टियों दलित के नाम पर वोट मांगते है।और जीतने के बाद कौन उस गरीब दलित को कौन पुछता है।जीतन राम माझी अपने जाति के नाम पर पिता पुत्र मंत्री के पद पर बैठ जाते है।और सत्ता के सुख मे उस गरीब का मजबूरी भूल जाते है।फिर पांच साल के बाद चुनाव का समय आता है तब उस गरीब का याद सताने लगता है।लेकिन वह दलित झोपड़ी मे अपना जीवन अवसर करता है।उसे के लिए कोई राजनैतिक पार्टी को चिंता नही है।कोई नेता गरीब के वोट लेकर सत्ता पर बैठकर सत्ता का मलाई खा रहा है।लेकिन गरीब को शौचालय और आवास तक नही दिया गया।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी कहते है कि सभी का विकास सब का साथ।लेकिन उनके नारा को सभी प्रतिनिधि लोग नजर अंदाज करते जा रहे है।मै महादलित के लोगो के कथनानूसार खबर लिखा हूं

संवाददाता-राजेन्द्र कुमार।